वेनेजुएला में बुधवार शाम (भारतीय समयानुसार गुरुवार सुबह) आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचा दी। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) के अनुसार पहले 7.2 तीव्रता का भूकंप आया, जिसके महज 39 सेकेंड बाद 7.5 तीव्रता का दूसरा और अधिक शक्तिशाली झटका महसूस किया गया। दोनों भूकंपों का केंद्र राजधानी कराकस से पश्चिम स्थित मोरोन क्षेत्र के आसपास जमीन की अपेक्षाकृत कम गहराई में था, जिसके कारण झटकों का प्रभाव बेहद विनाशकारी रहा।
भूकंप के बाद कराकस, अल्तामिरा, चाकाओ और अन्य इलाकों में कई बहुमंजिला इमारतें, मकान और व्यावसायिक ढांचे क्षतिग्रस्त हो गए। स्थानीय मीडिया और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार कई इमारतें पूरी तरह ढह गईं, जबकि राजधानी के मुख्य हवाई अड्डे की छत का एक हिस्सा भी गिर गया। सड़कें दरक गईं, बिजली और संचार सेवाएं प्रभावित हुईं तथा लोग दहशत में घरों से बाहर निकल आए।
वेनेजुएला के गृह मंत्री डियोसदादो कैबेलो ने बताया कि कई इमारतों के गिरने की सूचना मिली है और एहतियातन कुछ क्षेत्रों में गैस आपूर्ति बंद कर दी गई है। राहत एवं बचाव दल लगातार मलबे में फंसे लोगों को निकालने में जुटे हैं। अस्पतालों में बड़ी संख्या में घायलों को लाया जा रहा है और स्वास्थ्य सेवाओं पर दबाव बढ़ गया है।


USGS ने इस आपदा को “रेड अलर्ट” श्रेणी की घटना बताया है। एजेंसी के प्रारंभिक आकलन के अनुसार 10 हजार से अधिक लोगों की मौत की आशंका 44 प्रतिशत और एक लाख से अधिक मौतों की आशंका 30 प्रतिशत तक जताई गई है। हालांकि खबर लिखे जाने तक सरकार की ओर से आधिकारिक मृतकों और घायलों का अंतिम आंकड़ा जारी नहीं किया गया है। विभिन्न एजेंसियां केवल “उच्च जनहानि की आशंका” की पुष्टि कर रही हैं और वास्तविक आंकड़ा राहत कार्य पूरा होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
विशेषज्ञों के मुताबिक यह पिछले 126 वर्षों में वेनेजुएला का सबसे शक्तिशाली भूकंप माना जा रहा है। इससे पहले वर्ष 1900 में 7.7 तीव्रता का बड़ा भूकंप दर्ज किया गया था। वहीं 1967 में कराकस में आए 6.6 तीव्रता के भूकंप में 200 से अधिक लोगों की मौत हुई थी और कई इमारतें धराशायी हो गई थीं। इस बार भी वही इलाके सबसे अधिक प्रभावित बताए जा रहे हैं।
इसी दौरान जापान के उत्तरी क्षेत्र में भी 6.9 तीव्रता का भूकंप दर्ज किया गया। हालांकि वहां किसी बड़े नुकसान या सुनामी की आशंका नहीं जताई गई है। एहतियात के तौर पर बुलेट ट्रेन सेवाओं को अस्थायी रूप से रोका गया और बुनियादी ढांचे की जांच शुरू कर दी गई।

