Budget 2025 : आज पूरे देश भर की निगाहें बजट की ओर, कुछ देर बाद वित्त मंत्री खोलेंगी बजट का पिटारा - Daily Lok Manch
June 3, 2026
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Budget 2025 : आज पूरे देश भर की निगाहें बजट की ओर, कुछ देर बाद वित्त मंत्री खोलेंगी बजट का पिटारा

वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण (Nirmala Sitharaman)  एक फरवरी को केंद्रीय बजट पेश करेंगी। यह मोदी सरकार (Modi Government) के तीसरे कार्यकाल का पहला पूर्ण बजट होगा। सुबह 11 बजे से वित्त मंत्री का बजट भाषण लोकसभा में शुरू होगा। इससे पहल प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय कैबिनेट की बैठक फिर 10 बजकर 40 मिनट पर संसद भवन में बैठक होगी और इसी बैठक में बजट कैबिनेट को मंजूरी दी जाएगी जहां से वित्तमंत्री बजट पेश करने के लिए लोकसभा पहुंचेंगी। मोदी सरकार के कार्यकाल में बजट में कई बदलाव किए गए हैं इनमें से एक है चमड़े के ब्रीफकेस की परंपरा को खत्म करें डिजिटल बजट की नई परंपरा लाना।

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वैसे अगर बजट के इतिहास को देखा जाए तो अब तक कई बदलाव हो चुके हैं, जिनमें कुछ परंपरागत थे तो कुछ नीतिगत। मगर मोदी सरकार (Modi government) के कार्यकाल में बजट में कुछ महत्वपूर्ण बदलाव हुए जिनमें से एक था चमड़े के ब्रीफकेस की परंपरा को खत्म करना। भारत में आजादी के पहले से बजट को चमड़े के ब्रीफकेस में पेश करने की परंपरा थी। वित्त मंत्री यही ब्रीफकेस लेकर संसद पहुंचते थे। दशकों से आ चली आ रही इस परंपरा को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने तोड़ा था। जब निर्मला सीतारमण ने मोदी सरकार में वित्त मंत्री का कार्यभार संभाला तो चमड़े के ब्रीफकेस की जगह वो लाल कपड़ें में बही-खाता रूपी बजट लेकर संसद पहुंची।

आईए जानते हैं बजट क्या होता है —

 

बजट (Budget 2025) किसी सरकार या संस्था की आगामी वित्तीय वर्ष के लिए आय और व्यय का अनुमान होता है। यह आर्थिक नीतियों, योजनाओं, और प्राथमिकताओं को दर्शाता है। बजट के तीन प्रमुख घटक होते हैं: राजस्व, व्यय, और वित्तीय घाटा। राजस्व करों, शुल्कों, और अन्य स्रोतों से प्राप्त होता है, जबकि व्यय विभिन्न सरकारी कार्यक्रमों, परियोजनाओं, और सेवाओं पर किया जाता है। वित्तीय घाटा वह राशि होती है जो राजस्व और व्यय के अंतर से उत्पन्न होती है। बजट आर्थिक स्थिरता और विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। यह सरकार को आर्थिक नीतियों को प्रभावी ढंग से लागू करने का मार्गदर्शन देता है। इसके अलावा, बजट सामाजिक और आर्थिक असमानताओं को कम करने के लिए भी महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह शिक्षा, स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे, और सामाजिक कल्याण पर खर्च करने की प्राथमिकता तय करता है। कुल मिलाकर, बजट एक महत्वपूर्ण आर्थिक दस्तावेज है जो देश की वित्तीय दिशा निर्धारित करता है।

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