चारधाम यात्रा के दौरान इन दिनों दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा समेत कई राज्यों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक उत्तराखंड पहुंच रहे हैं। वीकेंड पर मसूरी, ऋषिकेश, हरिद्वार और अन्य पर्यटन स्थलों पर भारी भीड़ देखने को मिल रही है। इसी बीच कुछ पर्यटकों के हुड़दंग, ट्रैफिक नियमों की अनदेखी, स्थानीय लोगों से बदसलूकी और सड़क पर विवाद के कई वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। इन घटनाओं के बाद सोशल मीडिया पर उत्तराखंड और हरियाणा से जुड़े कई इन्फ्लुएंसर्स के बीच बयानबाजी भी शुरू हो गई है।
कुछ हरियाणा आधारित सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स लोगों से उत्तराखंड न जाने की अपील करते नजर आए, जबकि उत्तराखंड के कुछ यूजर्स ने बाहरी राज्यों से आने वाले पर्यटकों के खिलाफ नाराजगी जताते हुए पोस्ट साझा किए। इससे सोशल मीडिया पर माहौल और अधिक गर्मा गया। कई जगहों पर लोगों ने पर्यटन व्यवस्था, ट्रैफिक जाम और कानून व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठाए हैं।
इस पूरे विवाद पर गढ़वाल रेंज के आईजी राजीव स्वरूप ने स्पष्ट कहा कि पुलिस किसी भी राज्य विशेष के लोगों को निशाना नहीं बना रही है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड सभी श्रद्धालुओं और पर्यटकों का स्वागत करता है, लेकिन कानून व्यवस्था बिगाड़ने, माहौल खराब करने और भ्रामक या भड़काऊ कंटेंट फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स की लगातार निगरानी कर रही है और जरूरत पड़ने पर पड़ोसी राज्यों की पुलिस के साथ भी समन्वय स्थापित किया जाएगा।
आईजी ने लोगों से अपील की कि सोशल मीडिया पर अफवाहों और विवादित पोस्ट से बचें तथा यात्रा के दौरान शांति और अनुशासन बनाए रखें। प्रशासन का कहना है कि चारधाम यात्रा और पर्यटन सीजन को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाए रखना सभी की साझा जिम्मेदारी है।

