गाजियाबाद, नोएडा और ग्रेटर नोएडा को नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से जोड़ने वाले गाजियाबाद-जेवर कॉरिडोर की योजना पर काम आगे बढ़ रहा है। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (NCRTC) के अनुसार, 72.44 किलोमीटर लंबे इस कॉरिडोर पर नमो भारत और मेट्रो, दोनों तरह की सेवाएं उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है। इससे यात्रियों को क्षेत्रीय रैपिड रेल के साथ स्थानीय मेट्रो की सुविधा भी मिल सकेगी।
NCRTC द्वारा साझा किए गए प्रस्तावित स्टेशन विवरण के मुताबिक, कॉरिडोर पर कुल 18 स्टेशन होंगे। इनमें से 11 स्टेशनों पर नमो भारत सेवाएं संचालित करने का प्रस्ताव है, जबकि 18 स्टेशन मेट्रो सेवाओं के लिए होंगे। इससे गाजियाबाद, नोएडा, ग्रेटर नोएडा और जेवर एयरपोर्ट के बीच आने-जाने वाले यात्रियों को बेहतर कनेक्टिविटी मिलने की उम्मीद है।
दिल्ली-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर से जुड़ेगा
यह कॉरिडोर दिल्ली-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर के गाजियाबाद स्टेशन को जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से जोड़ेगा। इसकी कुल लंबाई 72.44 किलोमीटर होगी। इसमें करीब 71.5 किलोमीटर हिस्सा एलिवेटेड होगा, जबकि लगभग 1.29 किलोमीटर मार्ग भूमिगत रहेगा।
हालांकि, अभी यह परियोजना अंतिम रूप से मंजूर नहीं हुई है। एक अधिकारी ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया कि फिलहाल कॉरिडोर विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) के चरण में है। DPR और अन्य प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद परियोजना के निर्माण और सेवाओं से जुड़ी तस्वीर स्पष्ट होगी।
कॉरिडोर के तैयार होने पर गाजियाबाद से जेवर एयरपोर्ट तक सीधी क्षेत्रीय कनेक्टिविटी मजबूत होगी और दिल्ली-एनसीआर के यात्रियों को एयरपोर्ट पहुंचने के लिए एक नया सार्वजनिक परिवहन विकल्प मिल सकेगा।

