विश्व पृथ्वी दिवस विशेष: वक्त आ गया है देर न करें, यही हालात रहे तो आगे की राह आसान नहीं होगी - Daily Lok Manch PM Modi USA Visit New York Yoga Day
May 13, 2026
Daily Lok Manch
राष्ट्रीय हेल्थ

विश्व पृथ्वी दिवस विशेष: वक्त आ गया है देर न करें, यही हालात रहे तो आगे की राह आसान नहीं होगी


अब वक्त आ गया है देर नहीं करनी चाहिए नहीं तो आगे की राह कठिन हो सकती है। भागदौड़ भरे जीवन में हम सभी की जिम्मेदारी है पृथ्वी को खुशहाल बनाने की। अगर पृथ्वी हरी भरी और खुश है तो हम भी स्वस्थ हैं। पूरी दुनिया का बोझ उठाने वाली पृथ्वी आज खुद भी बोझिल हो गई है। हाल के वर्षों में तेजी के साथ ग्लोबल वार्मिंग, मौसम के बदलाव और बढ़ता प्रदूषण पृथ्वी की हरियाली पर ग्रहण लगा रहा हैं। आज चर्चा का विषय पृथ्वी पर तेजी से बढ़ रहा संकट है। आज के दिन पूरी दुनिया ‘विश्व पृथ्वी दिवस’ (वर्ल्ड अर्थ डे) मना रही है। हर साल 22 अप्रैल को यह दिवस मनाया जाता है। आज एक ऐसा दिवस है जिसे दुनिया के 195 देश मिलकर मनाते हैं। इस दिन को अंतरराष्ट्रीय मातृ पृथ्वी दिवस के रूप में भी जाना जाता है। हाल के वर्षों में जैसे पृथ्वी पर विनाशकारी परिवर्तन देखने को मिल रहे हैं यह आगे के लिए संकेत है कि अगर जल्द ही दुनिया इसके प्रति सचेत नहीं हुई तो हालात बहुत ही भयावह होंगे। गूगल भी आज विश्व पृथ्वी दिवस के मौके पर एक खास डूडल बनाकर यह बताने की कोशिश की है कि पृथ्वी का रूप कैसे बदल रहा है । पृथ्वी को बचाने और स्वच्छ रखने की चुनौती विश्व भर की है। अब समय आ गया है पृथ्वी से जुड़ी पर्यावरण की चुनौतियों जैसे कि, क्लाइमेट चेंज, ग्लोबल वार्मिंग और बढ़ते प्रदूषण को कम करने के उपाय किए जाए। वर्ल्ड अर्थ डे का मनाने का मुख्य उद्देश्य यही है कि लोग पृथ्वी के महत्‍व को समझें और पर्यावरण को बेहतर बनाए रखने के प्रति जागरूक हों। यही वजह है कि इस दिन पर्यावरण संरक्षण और पृथ्वी को बचाने का संकल्प लिया जाता है। बता दें कि इस साल वर्ल्ड अर्थ डे की थीम है, ‘इन्वेस्ट इन आवर अर्थ’ मतलब ‘हमारी पृथ्वी में निवेश करें’। ग्लोबल वार्मिंग पूरे विश्व के लिए एक बड़ा पर्यावरणीय और सामाजिक मुद्दा है। सूरज की रोशनी को लगातार ग्रहण करते हुए हमारी पृथ्वी दिनों-दिन गर्म होती जा रही है । कुछ वर्षों से मौसम का सिस्टम भी बदला है। यानी मौसम भी अव्यवस्थित होता जा रहा है। गर्मियां लंबी होती जा रही हैं, और सर्दियां छोटी‌। जिससे आज पूरी दुनिया चिंतित है। इसके साथ जलवायु परिवर्तन का असर मनुष्यों के साथ साथ वनस्पतियों और जीव जंतुओं पर देखने को मिल रहा है। ग्रीन हाउस गैसें ग्रह के वातावरण या जलवायु में परिवर्तन और ग्‍लोबल वार्मिंग के लिए उत्तरदायी होती हैं। हर गुजरते साल के साथ, जलवायु खराब होती जा रही है और यह हमारा कर्तव्य है कि हम अपनी प्रकृति को बचाने और संरक्षित करने में मदद करें।


Global warming

साल 1970 से दुनिया भर में पृथ्वी दिवस मनाया जा रहा है–


पूरी दुनिया भर में पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने और ग्लोबल वार्मिंग के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए साल 1970 से पृथ्वी दिवस मनाया जा रहा है। इस साल पृथ्वी दिवस की थीम ‘इन्वेस्ट इन अवर प्लानेट’ है। अर्थ डे पर हर साल कई कार्यक्रमों का भी आयोजन किया जाता है। कई जगहों पर पेड़-पौधे भी लगाए जाते हैं और नुक्कड़ नाटक भी होता है। जिससे लोग पृथ्वी के महत्व को समझ सके। इस दिन दुनिया भर की तमाम सामाजिक संस्थाएं और सरकारें पृथ्वी को हरा भरा और स्वच्छ बनाने के लिए लोगों से अपील करती हैं। वहीं दूसरी ओर यह विशेष दिन लोगों को जागरूक करने के लिए मनाया जाता है कि कैसे वे पृथ्वी को प्रदूषण, ग्लोबल वार्मिंग, पानी की कमी और अन्य संकटों से बचाने में एक अहम भूमिका निभा सकते हैं। आइए आज वर्ल्ड अर्थ डे पर पृथ्वी को खुशहाल बनाने के लिए अपनी जिम्मेदारी निभाएं और लोगों को जागरूक करें।







Related posts

(Maa Bharati ke sapoot) : मोदी सरकार ने शहीदों और घायल सैनिकों के लिए शुरू की नई योजना, “मां भारती के सपूत” वेबसाइट की गई लॉन्च

admin

जम्मू-कश्मीर : घाटी में तीन दशक बाद लौटी “सिनेमाई रौनक”, उपराज्यपाल ने बताया ऐतिहासिक दिन

admin

बिहार दिवस पर सीएम नीतीश कुमार ने पीएम मोदी का आभार जताया और राज्य के विकास व सांस्कृतिक गौरव का संदेश दिया

admin

Leave a Comment