भारत सरकार ने हरिद्वार कुंभ मेला-2027 के भव्य और सुव्यवस्थित आयोजन के लिए 500 करोड़ रुपए की बड़ी राशि को मंजूरी दे दी है। यह धनराशि मेला क्षेत्र में आधारभूत ढांचे को मजबूत करने और श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से स्वीकृत की गई है। इस फैसले से मेला तैयारियों को नई गति मिलेगी और संबंधित विभागों को योजनाओं को समयबद्ध तरीके से पूरा करने में सहायता मिलेगी।
कुंभ मेले को ध्यान में रखते हुए कुल 34 प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं पर कार्य किया जाएगा। इन परियोजनाओं में मुख्य रूप से सड़कों का चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण, नए घाटों का निर्माण और पुराने घाटों का जीर्णोद्धार, पेयजल आपूर्ति व्यवस्था का विस्तार, सीवरेज और स्वच्छता प्रबंधन, प्रकाश व्यवस्था तथा सुरक्षा संबंधी इंतजाम शामिल हैं। साथ ही भीड़ प्रबंधन और यातायात नियंत्रण को बेहतर बनाने के लिए आधुनिक तकनीक का भी उपयोग किया जाएगा।
कुंभ मेले में देश-विदेश से करोड़ों श्रद्धालु हरिद्वार पहुंचते हैं। ऐसे में प्रशासन का लक्ष्य है कि श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। आपदा प्रबंधन, स्वास्थ्य सेवाएं, अस्थायी अस्पताल, नियंत्रण कक्ष और निगरानी तंत्र को भी सशक्त बनाया जाएगा ताकि किसी भी आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।
स्थानीय प्रशासन और राज्य सरकार ने केंद्र सरकार के इस निर्णय का स्वागत किया है। अधिकारियों का कहना है कि समय रहते धनराशि मिलने से निर्माण कार्यों को तेजी से पूरा किया जा सकेगा और कुंभ मेला-2027 को भव्य, दिव्य और सुरक्षित बनाया जा सकेगा। यह आयोजन न केवल आस्था का प्रतीक है, बल्कि क्षेत्र की अर्थव्यवस्था और पर्यटन को भी नई ऊर्जा प्रदान करेगा।

