उत्तराखंड में पिछले पांच दिनों से मौसम का मिजाज बिगड़ा हुआ है। प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में रुक-रुककर बारिश का दौर जारी है। शुक्रवार को नैनीताल में सुबह से ही तेज बारिश हो रही है। मौसम विभाग ने आज राज्य के ज्यादातर इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ गरज-चमक और बौछारें पड़ने का अनुमान जताया है। नैनीताल, चंपावत, देहरादून, रुद्रप्रयाग, चमोली और बागेश्वर में कहीं-कहीं भारी बारिश को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है।
मौसम विभाग के मुताबिक, प्रदेशभर में गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली चमकने और बारिश के तेज से अति तेज दौर की संभावना बनी हुई है। लगातार बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और मलबा आने से सड़कें भी प्रभावित हुई हैं। गुरुवार को राज्य में कुल 108 सड़कें बंद रहीं। इनमें नैनीताल में सबसे अधिक 23 मार्ग प्रभावित हैं। इसके अलावा चमोली में 16, बागेश्वर और पिथौरागढ़ में 11-11, टिहरी में 10, अल्मोड़ा और रुद्रप्रयाग में 8-8, उत्तरकाशी में 7, पौड़ी में 6, देहरादून में 5 और चंपावत में एक मार्ग बंद है।
बारिश के बीच बागेश्वर के कपकोट-असो मार्ग पर गुरुवार को एक हादसा होते-होते टल गया। असो के पास उफनते गधेरे को पार करते समय बाइक सवार का संतुलन बिगड़ गया। बाइक अनियंत्रित होने के बाद वह दूर जा छिटका। गनीमत रही कि वह तेज बहाव की चपेट में नहीं आया और सुरक्षित बच गया।
उधर, चमोली जिले में भूस्खलन के चलते बद्रीनाथ हाईवे भी बाधित हुआ। पार्थाडीप के पास मलबा और पेड़ गिरने से मार्ग बंद हो गया, जिससे बद्रीनाथ और हेमकुंड साहिब जाने वाले तीर्थयात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। हालांकि, बाद में मलबा हटाकर मार्ग को यातायात के लिए खोल दिया गया।
रुद्रप्रयाग में लगातार बारिश के कारण अलकनंदा नदी का जलस्तर भी बढ़ गया है और यह वार्निंग लेवल के करीब पहुंच गया है। प्रशासन की ओर से नदी-नालों के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है।
अगले तीन दिन कैसा रहेगा मौसम
5 सितंबर: देहरादून, हरिद्वार और पौड़ी में कहीं-कहीं भारी बारिश का यलो अलर्ट है। सभी जिलों में गरज-चमक और आकाशीय बिजली के साथ तेज से अति तेज बारिश हो सकती है।
6 सितंबर: बागेश्वर, नैनीताल और चमोली में भारी बारिश का यलो अलर्ट है। प्रदेशभर में गरज-चमक और आकाशीय बिजली के साथ तेज बारिश की संभावना है।
7 सितंबर: बागेश्वर और पिथौरागढ़ में कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है। सभी जिलों में गरज-चमक, आकाशीय बिजली और तेज से अति तेज बारिश का दौर जारी रहने की आशंका है।

