शिक्षा व्यवस्था में सुधार, परीक्षा अनियमितताओं पर रोक और नीट पेपर लीक मामले की निष्पक्ष जांच की मांग को लेकर सोमवार को देहरादून में राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) का सचिवालय कूच हंगामेदार रहा। कांग्रेस भवन से निकले सैकड़ों छात्र-युवा कार्यकर्ताओं ने राज्य और केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई।
NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष आदर्श शर्मा के नेतृत्व में आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में छात्र शामिल हुए। प्रदर्शनकारी शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे, परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता और युवाओं के हितों से जुड़े पांच सूत्रीय मांगपत्र को लेकर सचिवालय की ओर बढ़ रहे थे। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को सचिवालय से पहले ही बैरिकेडिंग लगाकर रोक दिया।
बैरिकेडिंग तोड़कर आगे बढ़ने का प्रयास करने पर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। इसके बावजूद छात्र कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए आगे बढ़ते रहे। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया, जिनमें NSUI के राष्ट्रीय अध्यक्ष आदर्श शर्मा भी शामिल रहे।
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार पर शिक्षा व्यवस्था को कमजोर करने और छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि नीट पेपर लीक और अन्य भर्ती एवं प्रवेश परीक्षाओं में सामने आई अनियमितताओं ने लाखों छात्रों का भरोसा तोड़ा है। ऐसे मामलों में जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
NSUI नेताओं ने कहा कि देशभर में छात्र लगातार परीक्षा घोटालों और पेपर लीक की घटनाओं से परेशान हैं। सरकार इन मामलों को रोकने में विफल रही है। उन्होंने मांग की कि परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाए, पेपर लीक मामलों की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए और दोषियों को कठोर सजा दी जाए।
प्रदर्शनकारियों ने अपनी पांच सूत्रीय मांगों में शिक्षा क्षेत्र में सुधार, परीक्षा सुरक्षा को मजबूत करने, बेरोजगार युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने, छात्र हितों की रक्षा तथा केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग प्रमुख रूप से उठाई।
मौके पर मौजूद पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सचिवालय क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। प्रदर्शनकारियों को शांतिपूर्वक विरोध दर्ज कराने की अनुमति थी, लेकिन बैरिकेडिंग तोड़कर आगे बढ़ने के प्रयास के बाद आवश्यक कार्रवाई की गई।
काफी देर तक चले प्रदर्शन के बाद पुलिस ने हिरासत में लिए गए नेताओं और कार्यकर्ताओं को निर्धारित प्रक्रिया के तहत रिहा कर दिया। वहीं NSUI ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो संगठन प्रदेश और देशभर में आंदोलन को और तेज करेगा।
छात्र संगठन के इस प्रदर्शन को लेकर देहरादून में दिनभर राजनीतिक हलचल बनी रही और सचिवालय मार्ग पर यातायात भी प्रभावित रहा।

