वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच पीएम मोदी ने आर्थिक सलाहकार परिषद के साथ की बैठक, भारत की आर्थिक मजबूती पर की चर्चा - Daily Lok Manch PM Modi USA Visit New York Yoga Day
June 26, 2026
Daily Lok Manch
राष्ट्रीय

वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच पीएम मोदी ने आर्थिक सलाहकार परिषद के साथ की बैठक, भारत की आर्थिक मजबूती पर की चर्चा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को प्रधानमंत्री के आर्थिक सलाहकार परिषद (ईएसी-पीएम) की बैठक की अध्यक्षता की। अधिकारियों के अनुसार, बैठक में देश की आर्थिक विकास गति को बनाए रखने, अर्थव्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाने तथा पश्चिम एशिया संकट के बीच उभरती वैश्विक चुनौतियों से निपटने के उपायों पर चर्चा की गई।

बैठक में ऐसे समय में आर्थिक विकास को और तेज करने की रणनीतियों पर विचार-विमर्श किया गया, जब दुनिया की कई बड़ी अर्थव्यवस्थाएं भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं, आपूर्ति शृंखला में व्यवधान और कमजोर मांग जैसी चुनौतियों का सामना कर रही हैं।

अधिकारियों के मुताबिक, प्रधानमंत्री मोदी और आर्थिक सलाहकार परिषद के सदस्यों ने कठिन वैश्विक परिस्थितियों के बीच भारत की विकास दर को बनाए रखने और व्यापक आर्थिक स्थिरता सुनिश्चित करने के लिए जरूरी नीतिगत कदमों पर अपने विचार साझा किए।

बैठक में लोगों के जीवन को आसान बनाने और कारोबार करने में सहूलियत बढ़ाने से जुड़े सुधारों पर भी चर्चा हुई। विचार-विमर्श का केंद्र शासन व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाना, अनुपालन संबंधी बोझ को कम करना और निवेश तथा उद्यमिता के लिए बेहतर माहौल तैयार करना रहा।

बैठक का एक महत्वपूर्ण हिस्सा पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के प्रभावों को लेकर रहा। परिषद के सदस्यों ने भारत और वैश्विक अर्थव्यवस्था पर इसके संभावित असर पर चर्चा की।

चर्चा के दौरान ऊर्जा बाजारों, व्यापार मार्गों और व्यापक आर्थिक स्थिरता से जुड़ी चिंताओं की समीक्षा की गई, क्योंकि क्षेत्र में लंबे समय से जारी तनाव वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता बढ़ा रहा है।

यह महत्वपूर्ण बैठक ऐसे समय हुई है जब बढ़ती वैश्विक अनिश्चितताओं और भू-राजनीतिक तनावों के बावजूद भारत दुनिया की सबसे तेज़ी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में बना हुआ है।

वित्त वर्ष 2025-26 की जनवरी-मार्च तिमाही (चौथी तिमाही) में भारत की जीडीपी वृद्धि दर मजबूत 7.8 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया गया है, जबकि पूरे वित्त वर्ष के लिए आर्थिक वृद्धि दर 7.7 प्रतिशत रही। यह प्रदर्शन मुख्य रूप से कृषि, निर्माण और सेवा क्षेत्रों की मजबूत वृद्धि के कारण संभव हुआ।

भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों का बड़ा हिस्सा आयात करता है। ऐसे में सरकार पश्चिम एशिया की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है, क्योंकि लंबे समय तक अस्थिरता बने रहने से कच्चे तेल की कीमतों और अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रवाह पर असर पड़ सकता है।

प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद में अर्थशास्त्री और नीति विशेषज्ञ शामिल हैं, जो आर्थिक और विकास संबंधी मुद्दों पर स्वतंत्र सुझाव देते हैं तथा सरकार को दीर्घकालिक विकास प्राथमिकताओं और उभरते आर्थिक रुझानों पर सलाह प्रदान करते हैं।

Related posts

Meghalay assembly election Congress 55 candidate name release : कांग्रेस ने आगामी मेघालय चुनाव के लिए 55 उम्मीदवारों की पहली सूची जारी की

admin

Michaung Cyclone: चक्रवाती तूफान मिचौंग की दहशत : तमिलनाडु में रेड अलर्ट, चेन्नई में भारी बारिश के बाद बिगड़े हालात, सड़कों पर नाव की तरह बह गई सैकड़ों गाड़ियां

admin

सपा वालों ने नोएडा को बनाया था अपनी लूट का एटीएम : प्रधानमंत्री मोदी

admin

Leave a Comment