केंद्र सरकार ने पूर्व अग्निवीरों (Ex-Agniveers) के लिए बड़ा फैसला लेते हुए केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CAPF) और असम राइफल्स में कांस्टेबल (GD) एवं राइफलमैन के पदों पर 50 प्रतिशत आरक्षण देने की घोषणा की है। गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने लोकसभा में लिखित जवाब के जरिए इसकी जानकारी दी।
सरकार ने भर्ती प्रक्रिया में ‘पूर्व अग्निवीर’ नाम से नई श्रेणी बनाई है। इसके तहत प्रत्येक भर्ती वर्ष में इन पदों की कुल रिक्तियों में से 50 प्रतिशत सीटें पूर्व अग्निवीरों के लिए आरक्षित रहेंगी।
सरकार ने पूर्व अग्निवीरों को भर्ती प्रक्रिया में कई महत्वपूर्ण रियायतें भी दी हैं। उन्हें अधिकतम आयु सीमा में तीन वर्ष की छूट मिलेगी, जबकि अग्निपथ योजना के पहले बैच के उम्मीदवारों को पांच वर्ष तक की आयु सीमा में राहत दी जाएगी।
गृह मंत्रालय के अनुसार, पूर्व अग्निवीरों को फिजिकल स्टैंडर्ड टेस्ट (PST), फिजिकल एफिशिएंसी टेस्ट (PET) और कुछ भर्तियों में निर्धारित लिखित परीक्षा से भी छूट मिलेगी। इससे उनकी भर्ती प्रक्रिया पहले की तुलना में अधिक आसान हो जाएगी।
पूर्व अग्निवीरों के रोजगार और पुनर्वास को बेहतर बनाने के लिए गृह मंत्रालय ने ‘एक्स-अग्निवीर विंग’ (Ex-Agniveer Wing) की स्थापना भी की है। यह विंग विभिन्न सुरक्षा बलों में उनकी भर्ती और अन्य रोजगार अवसरों के समन्वय का कार्य करेगा।
इससे पहले दिसंबर 2025 में सरकार ने BSF की भर्ती नियमावली में संशोधन कर पूर्व अग्निवीरों के लिए कांस्टेबल (GD) पदों पर आरक्षण 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 50 प्रतिशत किया था। इसके बाद CRPF ने भी अपने भर्ती नियमों में इसी तरह के प्रावधान लागू किए।
हालांकि अग्निपथ योजना के तहत भर्ती पहले बैच का चार वर्षीय कार्यकाल अभी पूरा नहीं हुआ है, लेकिन सरकार ने उनकी सेवा समाप्ति के बाद रोजगार सुनिश्चित करने के उद्देश्य से पहले ही CAPF और असम राइफल्स में अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में यह बड़ा कदम उठाया है। सरकार का कहना है कि इससे सुरक्षा बलों को प्रशिक्षित और अनुभवी जवान मिलेंगे, वहीं पूर्व अग्निवीरों को बेहतर करियर के अवसर भी प्राप्त होंगे।

