देहरादून में जनगणना-2027 के दूसरे चरण की तैयारियां तेज हो गई हैं। दूसरे चरण का कार्य 1 दिसंबर 2026 से 4 जनवरी 2027 तक किया जाना है। इसी को लेकर जनगणना कार्य में तैनात अधिकारियों और कर्मचारियों का दो दिवसीय प्रशिक्षण शिविर शुरू किया गया। प्रशिक्षण में इस बार की डिजिटल जनगणना प्रक्रिया और ऑनलाइन पोर्टल के इस्तेमाल पर विशेष जोर दिया गया।
प्रशिक्षण शिविर का उद्घाटन नगर आयुक्त आलोक कुमार पांडेय और अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व के.के. मिश्रा ने किया। शिविर में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के चार्ज अधिकारी, सहायक चार्ज अधिकारी, तकनीकी सहायक, लिपिक, डाटा एंट्री ऑपरेटर समेत अन्य कर्मचारी शामिल हुए।
नगर आयुक्त आलोक कुमार पांडेय ने कहा कि जनगणना देश की सामाजिक, आर्थिक और जनसंख्या संबंधी स्थिति की सही तस्वीर सामने लाने का महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने बताया कि जनगणना-2027 में जानकारी दर्ज करने और उसे आगे भेजने की प्रक्रिया ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से की जाएगी। इससे आंकड़ों को व्यवस्थित तरीके से दर्ज करने में मदद मिलेगी।
उन्होंने कर्मचारियों से जनगणना जैसे राष्ट्रीय महत्व के कार्य को पूरी सावधानी, पारदर्शिता और निर्धारित समय सीमा में पूरा करने को कहा। साथ ही आंकड़ों की शुद्धता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
अपर जिलाधिकारी के.के. मिश्रा ने बताया कि दूसरे चरण में परिवार और सामाजिक स्थिति से संबंधित विभिन्न जानकारियां दर्ज की जाएंगी। इसमें माता-पिता, वैवाहिक स्थिति, तलाक, सिंगल पैरेंट समेत अन्य विवरण शामिल होंगे। इसके अलावा राष्ट्रीयता और जाति से जुड़ी जानकारी भी निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार दर्ज की जाएगी।
प्रशिक्षण के दौरान जनगणना निदेशालय के अधिकारियों ने कर्मचारियों को पूरी प्रक्रिया और दिशा-निर्देशों की जानकारी दी। प्रदीप यादव और कुलदीप चौहान ने जनगणना पोर्टल के इस्तेमाल का प्रेजेंटेशन दिया। कर्मचारियों को ऑनलाइन डेटा दर्ज करने के साथ ही फील्ड में आने वाली संभावित समस्याओं से निपटने की जानकारी भी दी गई।

