भारत ने हासिल की बड़ी तकनीकी उपलब्धि, चेन्नई में स्वदेशी सिलिकॉन फोटोनिक्स टेक्नोलॉजी लॉन्च - Daily Lok Manch PM Modi USA Visit New York Yoga Day
August 6, 2026
Daily Lok Manch
Recent

भारत ने हासिल की बड़ी तकनीकी उपलब्धि, चेन्नई में स्वदेशी सिलिकॉन फोटोनिक्स टेक्नोलॉजी लॉन्च

भारत ने अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए स्वदेशी रूप से विकसित सिलिकॉन फोटोनिक्स टेक्नोलॉजी सॉल्यूशंस का चेन्नई में शुभारंभ किया। यह उपलब्धि देश को टेक्नोलॉजी सॉवरेंटी की दिशा में आगे ले जाने वाली मानी जा रही है।

आईआईटी मद्रास में विकसित उन्नत तकनीक

ये दोनों तकनीकी समाधान—सिलिकॉन फोटोनिक्स प्रोसेस डिज़ाइन किट (PDK) और यूनिवर्सल प्रोग्रामेबल फोटोनिक आईसी (PPIC) टेस्ट इंजन—आईआईटी मद्रास में विकसित किए गए हैं। इनका विकास इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय द्वारा प्रायोजित सीओई-सीपीपीआईसीएस के तहत किया गया है।

सरकारी नेतृत्व में लॉन्च

इसका शुभारंभ इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के सचिव एस. कृष्णन ने किया। इस मौके पर अमितेश सिन्हा, प्रोफेसर शांति भट्टाचार्य और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।

उद्योग और शोध संस्थानों को मिलेगा लाभ

सिलिकॉन फोटोनिक्स पीडीके में 50 से अधिक सत्यापित कंपोनेंट शामिल हैं, जो उद्योगों, स्टार्टअप्स, शैक्षणिक संस्थानों और रक्षा संगठनों को उन्नत फोटोनिक आईसी डिजाइन करने में मदद करेंगे। वहीं यूनिवर्सल PPIC टेस्ट इंजन फोटोनिक और ऑप्टोइलेक्ट्रॉनिक मॉड्यूल के परीक्षण के लिए एक आधुनिक स्वचालित प्लेटफॉर्म प्रदान करता है।

टेक्नोलॉजी सॉवरेंटी की दिशा में बड़ा कदम

इस पहल को भारत के लिए सिलिकॉन फोटोनिक्स टेक्नोलॉजी सॉवरेंटी की दिशा में एक अहम उपलब्धि माना जा रहा है। यह भारतीय फोटोनिक्स अनुसंधान एवं विकास समुदाय के लिए एक साझा राष्ट्रीय सुविधा के रूप में कार्य करेगा।

सेमीकंडक्टर मिशन को मिलेगा बढ़ावा

श्री कृष्णन ने कहा कि भारत में सिलिकॉन फोटोनिक्स तेजी से वैश्विक स्तर की तकनीक के करीब पहुंच रहा है। इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन के तहत सिलिकॉन फोटोनिक्स फैब की स्थापना से इस क्षेत्र को और गति मिलेगी।

क्लासिकल और क्वांटम दोनों क्षेत्रों में उपयोग

अमितेश सिन्हा ने बताया कि यह तकनीक क्लासिकल और क्वांटम दोनों क्षेत्रों में उपयोगी है। उन्होंने कहा कि आईएसएम 2.0 के तहत इसे आगे तकनीकी विकास और उत्पाद निर्माण के लिए समर्थन दिया जा सकता है।

भविष्य की योजनाएं और वैश्विक साझेदारी

मुख्य अन्वेषक प्रोफेसर बिजय कृष्णा दास ने बताया कि जल्द ही सिलिकॉन फोटोनिक्स एमपीडब्ल्यू फैब्रिकेशन रन शुरू किए जाएंगे और परीक्षण, पैकेजिंग व मॉड्यूल कैरेक्टराइजेशन की सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।

वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने में मददगार

इस परियोजना में मलेशिया की सिलटेरा फाउंड्री और बेंगलुरु स्थित इजमो माइक्रोसिस्टम्स जैसी कंपनियां भी साझेदार हैं, जो इसे वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने में मदद करेंगी। (

Related posts

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भावुक पोस्ट करते हुए लिखा-“आज पहली बार लगा, बिन सूरज के उगा सवेरा”

admin

अटल बिहारी वाजपेयी जयंती पर संगोष्ठी व प्रदर्शनी का आयोजन, 24 दिसंबर से देहरादून में होगा शुभारंभ

admin

Uttarakhand heavy Rain: उत्तराखंड में भारी बारिश से नदियां उफान पर, नेशनल हाईवे से लेकर कई सड़क मार्ग बंद, पहाड़ों पर भारी नुकसान

admin

Leave a Comment