घाटी में आतंकियों ने एक और जघन्य हत्याकांड को अंजाम दिया। यह घटना ऐसे समय हुई जब केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह जम्मू-कश्मीर के दो दिवसीय दौरे पर हैं।
जम्मू-कश्मीर के पुलिस महानिदेशक (डीजी जेल) हेमंत लोहिया की उनके घर पर ही गला रेतकर हत्या कर दी गई। पुलिस महानिदेशक की हत्या के बाद पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। प्रारंभिक जांच के मुताबिक, किसी तेजधार हथियार से लोहिया का गला रेता गया है। वहीं, शव को जलाने की भी कोशिश की गई है। घटना के बाद से घर का नौकर फरार है। पुलिस उसी पर हत्या का संदेह जता रही है। नौकर का नाम यासिर बताया जा रहा है जो कि जम्मू के ही रामबन का रहने वाला है। अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (जम्मू) मुकेश सिंह ने बताया कि 1992 बैच के आईपीएस अधिकारी हेमंत लोहिया शहर के बाहरी इलाके में अपने उदयवाला निवास स्थान पर मृत मिले। जब पुलिस की टीम सूचना के बाद मौके पर पहुंची थी तो उनका गला रेता हुआ था। आतंकी संगठन टीआरएफ ने सोशल मीडिया के जरिए जिम्मेदारी लेते हुए कहा कि उसने ही एचके लोहिया की हत्या को अंजाम दिया है। दरअसल टीआरएफ का कनेक्शन पीपुल्स एंटी फासिस्ट फोर्स से है और यह उसका ही नया आतंकी संगठन बताया जाता है। बता दें कि हेमंत लोहिया 1992 बैच के आईपीएस अधिकारी थे। लोहिया काफी लंबे समय तक केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर रहे लेकिन फरवरी 2022 में अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक के पद पर जम्मू-कश्मीर लौट आए थे। वे होमगार्ड्स/नागरिक रक्षा/राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) में कमांडेंट जनरल के रूप में तैनात थे। वे अगस्त 2022 में प्रमोट करके डीजी जेल के पद पर तैनात किए गए थे।

