विटामिन के की कमी शरीर के लिए खतरे की घंटी, हार्ट डिजीज बढ़ने की रहती हैं आशंका - Daily Lok Manch PM Modi USA Visit New York Yoga Day
February 23, 2026
Daily Lok Manch
हेल्थ

विटामिन के की कमी शरीर के लिए खतरे की घंटी, हार्ट डिजीज बढ़ने की रहती हैं आशंका

सेहत बिगड़ने पर अक्सर कैल्शियम, आयरन, या विटामिन डी की कमी पर चर्चा होती है। लेकिन एक ऐसा विटामिन भी है, जिसकी कमी गंभीर बीमारियों का कारण बनती है। यह विटामिन है विटामिन के। आम लोगों को इसके बारे में कम जानकारी होती है। खून को जरूरत के वक्त जमने में मदद करना, हड्डियों को मजबूत बनाए रखना, और दिल की नलियों को सुरक्षित रखना, ये सभी काम विटामिन के से जुड़े हैं। जब शरीर में इसकी मात्रा कम हो जाती है, तब समस्याएं धीरे-धीरे सामने आने लगती हैं।

विज्ञान की भाषा में विटामिन के फैट में घुलने वाला जरूरी कंपाउंड है, जो शरीर के भीतर कई प्रोटीन को सक्रिय करता है। ये प्रोटीन खून के थक्के बनाने में मदद करते हैं, ताकि चोट लगने पर ज्यादा खून न बहे। यही वजह है कि विटामिन के की कमी होने पर मामूली चोट भी गंभीर बन सकती है। कई लोगों को बिना कारण नाक से खून आना, मसूड़ों से खून बहना या शरीर पर आसानी से नीले निशान पड़ने लगते हैं। यह संकेत हो सकता है कि शरीर के भीतर खून जमने की ताकत कमजोर हो रही है।

विटामिन के का रोल सिर्फ खून तक सीमित नहीं है। यह हड्डियों को भी मजबूत बनाता है। यह ऑस्टियोकैल्सिन नाम के प्रोटीन को बनाने में मदद करता है, जो कैल्शियम को हड्डियों के साथ जोड़ता है। जब विटामिन के कम होता है, तो कैल्शियम हड्डियों में ठीक से नहीं जुड़ पाता। इसका नतीजा यह होता है कि हड्डियां धीरे-धीरे कमजोर होने लगती हैं और आगे चलकर ऑस्टियोपोरोसिस जैसी बीमारी का खतरा बढ़ जाता है।

दिल की सेहत से भी विटामिन के का गहरा संबंध है। यह शरीर की धमनियों में कैल्शियम को बेवजह जमने से रोकने में मदद करता है। जब इसका स्तर कम हो जाता है, तो कैल्शियम धमनियों में जमा होने लगता है, जिससे वे सख्त हो जाती हैं। इससे दिल को खून पहुंचाने में परेशानी आती है और हार्ट डिजीज का खतरा बढ़ सकता है। इस तरह विटामिन के दिल की सेहत का भी ख्याल रखता है।

नवजात शिशुओं के लिए विटामिन के और भी ज्यादा जरूरी होता है। जन्म के समय बच्चों के शरीर में इसका स्टॉक बहुत कम होता है और उनकी आंतों में ऐसे बैक्टीरिया भी नहीं होते जो विटामिन के बना सकें। इसी वजह से कुछ बच्चों में हेमोरेजिक डिजीज ऑफ द न्यूबॉर्न नाम की गंभीर समस्या हो सकती है, जिसमें शरीर के भीतर या दिमाग में खून बहने का खतरा रहता है। यही कारण है कि जन्म के तुरंत बाद डॉक्टर नवजात को विटामिन के का इंजेक्शन देने की सलाह देते हैं ताकि इस जानलेवा स्थिति से बचाव हो सके।

Related posts

अब पीएम मोदी ने संभाला मोर्चा, आज करेंगे हाईलेवल मीटिंग, संसद में मास्क में दिखे सभापति, यूपी- उत्तराखंड, हिमाचल समेत तमाम राज्यों में बैठकों का दौर, पाबंदियां लगाने की तैयारी शुरू 

admin

COVID-19 : चीन जापान से आने वाले यात्रियों के लिए एयरपोर्ट पर आरटी-पीसीआर अनिवार्य होगा

admin

आखिरकार कोरोना के नए वेरिएंट ओमिक्रोन ने भारत में किया प्रवेश, इस राज्य में मिले दो मामले

admin

Leave a Comment