उत्तराखंड के उच्च गढ़वाल हिमालय क्षेत्र में स्थित प्रसिद्ध केदारनाथ धाम के कपाट शीतकाल के लगभग छह माह के अवकाश के बाद 22 अप्रैल को पुनः भक्तों के दर्शनार्थ खोले जाएंगे। यह जानकारी बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के जनसंपर्क अधिकारी डॉ. हरीश गौड़ ने दी। उन्होंने बताया कि महाशिवरात्रि के शुभ अवसर पर बाबा केदार के शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना संपन्न की गई। इसके उपरांत धर्माचार्यों और वेदपाठियों ने पंचांग के अनुसार गणना कर कपाट खोलने का शुभ मुहूर्त निर्धारित किया। समिति के अनुसार, द्वादश ज्योतिर्लिंगों में शामिल केदारनाथ मंदिर के द्वार इस वर्ष 22 अप्रैल को वृष लग्न में प्रातः 8 बजे श्रद्धालुओं के लिए खोले जाएंगे। लगभग साढ़े नौ क्विंटल पुष्पों से अलंकृत ओंकारेश्वर मंदिर में आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में केदारनाथ मंदिर के मुख्य पुजारी रावल भीमाशंकर लिंग, केदारनाथ की विधायक आशा नौटियाल, मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी समेत अन्य पदाधिकारी, धर्माधिकारी और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

