Uttarakhand DIPR
Uttarakhand DIPR
October 13, 2026
Daily Lok Manch
राष्ट्रीय

एशिया की पहली महिला लोको पायलट सुरेखा यादव ने वंदे भारत एक्सप्रेस का किया संचालन, रेल मंत्री ने ट्वीट कर दी बधाई

भारतीय रेलवे में सुरेखा यादव एक ऐसा नाम है जिन्होंने देश ही नहीं बल्कि विदेशों में भी अपनी पहचान बनाई है। अब सुरेखा यादव के नाम एक और बड़ी उपलब्धि हासिल हो गई है। ‌एशिया की पहली महिला लोको पायलट सुरेखा यादव अब भारत की पहली स्वदेशी सेमी-हाई-स्पीड वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन चलाने वाली पहली महिला बन गई हैं। यादव ने 13 मार्च, 2023 को सोलापुर स्टेशन और मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (CSMT) के बीच ट्रेन का संचालन किया। सुरेखा यादव को छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (CSMT) के प्लेटफॉर्म नंबर 8 पर सम्मानित किया गया। उन्होंने नीले और सफेद रंग की ट्रेन चलाने का अवसर देने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों का भी आभार व्यक्त किया। सोमवार को, ट्रेन सोलापुर से 06:05 घंटे पर रवाना हुई और गंतव्य पर पांच मिनट पहले यानी 12:30 बजे पहुंची (CSMT पर आगमन का समय 12:35 बजे है) । रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने भी उन्हें बधाई दी और महिला सशक्तिकरण की सराहना की। वैष्णव ने एक ट्वीट में कहा, “वंदे भारत – नारी शक्ति द्वारा संचालित। श्रीमती। वंदे भारत एक्सप्रेस की पहली महिला लोको पायलट सुरेखा यादव।

एशिया की पहली महिला लोको पायलट सुरेखा यादव वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन का संचालन करती हुई। ‌

सुरेखा यादव 1988 में भारत की पहली महिला लोको पायलट बनीं थी। वर्ष 2011 में उन्हें एशिया की पहली महिला लोको पायलट बनने का गौरव प्राप्त हुआ था। भारत में इस तरह के प्रयास नारी सशक्तिकरण को बल देते है साथ ही देश की अन्य महिलाओं को ऐसे कार्यो के लिए प्रेरित करते है. सुरेखा यादव की उपलब्धि पूरे समाज की नारी शक्ति को प्रेरित करती है। भारत की सेमी-हाई स्पीड वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन का संचालन करने वाली सुरेखा यादव पश्चिमी महाराष्ट्र क्षेत्र के सतारा जिले की रहने वाली है। उन्होंने अपनी उपलब्धियों के लिए अब तक राष्ट्रीय स्तर और राज्य स्तर पर कई अवार्ड जीत चुकी है। सुरेखा, इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा हासिल किया है और वोकेशनल ट्रेनिंग कोर्स भी किया है। उन्होंने साल 1986 में असिस्टेंट लोको पायलट का फॉर्म भरा था और लिखित परीक्षा दिया था। जिसके बाद उन्हें महाराष्ट्र के जिले कल्याण ट्रेनिंग स्कूल में असिस्टेंट लोको पायलट के तौर पर नियुक्त मिली। उसके बाद सुरेखा यादव ने मालगाड़ी के ड्राइवर के रूप में शुरुआत की। अब सुरेखा यादव भारत की हाई स्पीड वंदे भारत का संचालन कर रही हैं। ‌

Leave a Comment