देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस के लिए आज का दिन इतिहास बनाने जा रहा है। देश की राजधानी दिल्ली में स्थित कांग्रेस का अब पता बुधवार, 15 जनवरी से बदल जाएगा। अभी तक कांग्रेस पार्टी के नेता और कार्यकर्ता अपने राष्ट्रीय मुख्यालय को दिल्ली में स्थित 24, अकबर रोड के नाम से जानते हैं। लेकिन अब यह पार्टी का दफ्तर बदलने जा रहा है। कांग्रेस पार्टी का दफ्तर। करीब 46 साल बाद यह पता 15 जनवरी यानी आज से बदल जाएगा। नया पता ‘इंदिरा गांधी भवन’ 9ए, कोटला रोड होगा। यह दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय से करीब 500 मीटर दूर है। अब राजधानी दिल्ली में स्थित भाजपा और कांग्रेस दोनों के मुख्यालय पास पास में हो जाएंगे। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, सोनिया गांधी, राहुल गांधी समेत पार्टी के 400 से ज्यादा नेताओं की उपस्थिति में सुबह 10 बजे इसका उद्घाटन हुआ । इसकी आधारशिला 2009 में पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और सोनिया गांधी ने रखी थी। 15 साल बाद यह बनकर तैयार हुआ है।कांग्रेस के नए ऑफिस का मेन एंट्रेंस बदल सामने नहीं बल्कि पीछे के दरवाजे से है। इसकी वजह भाजपा है। दरअसल, ऑफिस का फ्रंट एंट्रेंस दीनदयाल उपाध्याय मार्ग पर है। ऐसे में एड्रेस पर यह नाम आता, इसलिए पार्टी ने फ्रंट एंट्रेंस के बजाय बैकडोर एंट्री यानी पिछले दरवाजे से एंट्रेंस चुना, जो कोटला रोड पर खुलता है। 70 के दशक में कांग्रेस का ऑफिस डॉ. राजेंद्र प्रसाद रोड पर था। इसका एड्रेस 3, रायसीना रोड था। इसके ठीक सामने 6, रायसीना रोड पर अटल बिहारी वाजपेयी रहा करते थे, इसलिए कांग्रेस ने यहां भी बैकडोर एंट्री चुनी थी। 1978 में कांग्रेस में टूट के बाद ऑफिस पार्टी सांसद जी वेंकटस्वामी को अलॉट बंगले 24, अकबर रोड में शिफ्ट किया गया था। तब से अब तक यह कांग्रेस मुख्यालय का पता रहा। कांग्रेस संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि 15 जनवरी, 2025 को सुबह 10 बजे, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की उपस्थिति में कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख सोनिया गांधी जी नए एआईसीसी मुख्यालय इंदिरा गांधी भवन का उद्घाटन करेंगी। इसका निर्माण कांग्रेस अध्यक्ष के रूप में उनके कार्यकाल के दौरान शुरू किया गया था। इस अवसर पर कांग्रेस कार्य समिति (सीडब्ल्यूसी) के सदस्य, स्थायी और विशेष आमंत्रित सदस्य, कांग्रेस संसदीय दल के पदाधिकारी, एआईसीसी पदाधिकारी, केंद्रीय चुनाव समिति के सदस्य, प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रमुख, सीएलपी नेता, सांसद, साथ ही पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व केंद्रीय मंत्री सहित वरिष्ठ नेता उपस्थित रहेंगे।

