केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह ओडिशा दौरे पर हैं। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने शुक्रवार को भुवनेश्वर एयरपोर्ट पर उनका भव्य स्वागत किया। इस दौरे में अमित शाह कई परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास में हिस्सा लेंगे।
3,300 करोड़ रुपए की परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन
मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा कि अमित शाह लगभग 3,300 करोड़ रुपए की विभिन्न परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन करेंगे। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के बीच मजबूत तालमेल से ओडिशा के विकास की गति और तेज होगी।
पारादीप और भुवनेश्वर में कई कार्यक्रम
सूत्रों के अनुसार, अमित शाह पारादीप जाएंगे, जहां वे इंडियन फार्मर्स फर्टिलाइजर कोऑपरेटिव लिमिटेड के सल्फ्यूरिक एसिड प्लांट का उद्घाटन करेंगे। इसके बाद भुवनेश्वर में वे सहकारिता और डेयरी क्षेत्र से जुड़ी नई योजनाओं की शुरुआत करेंगे।
आईडीसीओ एग्जिबिशन में नई पहलें
भुवनेश्वर में आयोजित कार्यक्रम में अमित शाह आईडीसीओ एग्जिबिशन मैदान में विभिन्न पहलों का उद्घाटन करेंगे। इस अवसर पर ओडिशा की नई प्रदेश सहकारिता नीति भी जारी की जाएगी। इसके अलावा त्रिभुवन कोऑपरेटिव यूनिवर्सिटी के तहत नए स्कूल की स्थापना के कार्यक्रम में भी अमित शाह भाग लेंगे। बडम्बा शुगर इंडस्ट्रीज के पुनः संचालन के लिए समझौता पत्र पर हस्ताक्षर किए जाएंगे, जिससे स्थानीय रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और सहकारी उद्योग को मजबूती मिलेगी।
साझा सेवा केंद्रों का उद्घाटन
कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री 1,567 साझा सेवा केंद्रों का उद्घाटन करेंगे, जो प्राथमिक कृषि ऋण समितियों और वृहद आकार कृषि बहुउद्देशीय समितियों द्वारा संचालित होंगे। इसके साथ ही 141 पैक्स के लिए आवश्यक बुनियादी ढांचा का वर्चुअल उद्घाटन भी किया जाएगा। इन केंद्रों के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों और आम लोगों को सरकारी और डिजिटल सेवाएं एक ही स्थान पर मिल सकेंगी।
ओडिशा में विकास और सहकारिता को मजबूती
अमित शाह के इस दौरे से ओडिशा में विकास, सहकारिता क्षेत्र और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलने की उम्मीद है। कई बड़े निवेश और नई पहलें राज्य के सामाजिक और आर्थिक सुधार को गति देंगी। इस दौरे के दौरान कुल 69 परियोजनाओं का उद्घाटन किया जाएगा, जिनकी लागत लगभग 1,159.03 करोड़ रुपए है। इसके अलावा 2,116.06 करोड़ रुपए की लागत वाली 130 नई परियोजनाओं का शिलान्यास भी किया जाएगा। सरकार का कहना है कि ये सभी पहल सहकारिता क्षेत्र को मजबूत बनाने के उद्देश्य से की जा रही हैं।

