देहरादून। दशहरे और वीकेंड की छुट्टियों में उत्तराखंड के प्रमुख पर्यटन स्थलों और धार्मिक स्थलों पर पर्यटकों व श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ने की संभावना है। इसे देखते हुए पुलिस ने कैंची धाम, नैनीताल, मसूरी और ऋषिकेश में यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए विशेष ट्रैफिक प्लान लागू किया है। नैनीताल और श्री कैंची धाम क्षेत्र में 17 से 20 अक्टूबर तक, जबकि मसूरी और ऋषिकेश में 17 से 19 अक्टूबर तक विशेष यातायात व्यवस्था रहेगी। ऐसे में इन स्थानों पर घूमने या दर्शन के लिए जाने वाले लोगों को घर से निकलने से पहले निर्धारित रूट और पार्किंग व्यवस्था की जानकारी लेने की सलाह दी गई है।
भारी वाहनों की आवाजाही पर रहेगी रोक
नैनीताल जिले में 17 से 20 अक्टूबर तक सुबह 3 बजे से रात 11 बजे तक भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। यातायात व्यवस्था पर दबाव कम करने के लिए ऐसे वाहनों को जिले की सीमाओं पर ही रोका जाएगा। पुलिस जरूरत के अनुसार वाहनों को निर्धारित मार्गों पर डायवर्ट भी करेगी।
नैनीताल पुलिस के एसपी ट्रैफिक जगदीश चंद्रा के अनुसार, पर्यटकों और श्रद्धालुओं की संभावित भीड़ को देखते हुए सीमावर्ती क्षेत्रों में चेकिंग और डायवर्जन की व्यवस्था की जाएगी। पुलिस ने लोगों से निर्धारित मार्गों का पालन करने और यातायात नियमों का ध्यान रखने की अपील की है।
कैंची धाम और नैनीताल में पार्किंग के बाद मिलेगी शटल सेवा
वीकेंड के दौरान कैंची धाम और नैनीताल में वाहनों की संख्या बढ़ने की संभावना है। इसे देखते हुए संबंधित क्षेत्रों में टैक्सी और दोपहिया वाहनों की आवाजाही पर प्रतिबंध की व्यवस्था रखी गई है। पर्यटकों को निर्धारित पार्किंग स्थलों पर अपने वाहन खड़े करने होंगे। इसके बाद कैंची धाम तक पहुंचने के लिए शटल सेवा का इस्तेमाल करना होगा।
इस व्यवस्था का उद्देश्य मंदिर क्षेत्र और प्रमुख पर्यटन मार्गों पर वाहनों का दबाव कम करना है, ताकि श्रद्धालुओं को दर्शन करने और पर्यटकों को यात्रा करने में परेशानी न हो। यात्रा पर निकलने से पहले स्थानीय पुलिस की ओर से जारी नवीनतम दिशा-निर्देशों की जानकारी लेना भी जरूरी होगा।
मसूरी में पार्किंग 90 प्रतिशत भरते ही बदलेगा ट्रैफिक प्लान
दशहरे और वीकेंड के दौरान मसूरी में पर्यटकों की भीड़ को देखते हुए 17 से 19 अक्टूबर तक विशेष यातायात व्यवस्था लागू की गई है। यहां पार्किंग की उपलब्धता के अनुसार तीन चरणों में ट्रैफिक प्लान संचालित किया जाएगा।
प्लान-A: शुरुआती चरण में पर्यटकों के वाहनों को निर्धारित पार्किंग स्थलों पर खड़ा कराया जाएगा। पुलिस यातायात और पार्किंग की स्थिति पर नजर रखेगी।
प्लान-B: जैसे ही पार्किंग की क्षमता 90 प्रतिशत तक भर जाएगी, अतिरिक्त वाहनों को किंग क्रेग पार्किंग की ओर भेजा जाएगा। यहां वाहन खड़े करने के बाद पर्यटक स्थानीय टैक्सी से आगे की यात्रा कर सकेंगे।
प्लान-C: यदि किंग क्रेग पार्किंग भी भर जाती है, तो वाहनों को गज्जी बैंड से हाथीपांव रोड होते हुए जीरो प्वाइंट की ओर डायवर्ट किया जाएगा। इस व्यवस्था का उद्देश्य मसूरी में जाम की स्थिति को नियंत्रित करना और वाहनों की आवाजाही सुचारू बनाए रखना है।
ऋषिकेश जाने वाले पर्यटक भी रखें ध्यान
ऋषिकेश में भी 17 से 19 अक्टूबर तक विशेष ट्रैफिक व्यवस्था लागू रहेगी। वीकेंड पर पर्यटकों और धार्मिक स्थलों पर आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने से प्रमुख मार्गों पर यातायात का दबाव बढ़ सकता है। ऐसे में यात्रियों को पुलिस के निर्देशों के अनुसार निर्धारित रास्तों का इस्तेमाल करना चाहिए।
यात्रा से पहले इन बातों का रखें ध्यान
उत्तराखंड के इन प्रमुख पर्यटन स्थलों पर जाने वाले लोगों को सलाह दी जाती है कि वे यात्रा शुरू करने से पहले ट्रैफिक एडवाइजरी और पार्किंग की उपलब्धता की जानकारी लें। निर्धारित पार्किंग का इस्तेमाल करें, जहां जरूरी हो वहां शटल या स्थानीय टैक्सी सेवा अपनाएं और डायवर्जन के दौरान पुलिस के निर्देशों का पालन करें। इससे जाम से बचने के साथ यात्रा को अधिक सुविधाजनक बनाया जा सकेगा।

